मंडी। उपायुक्त मंडी अपूर्व देवगन ने विद्यार्थियों से जीवन में स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर उसे हासिल करने के लिए अनुशासन, आत्मविश्वास और निरंतर कठिन परिश्रम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आज की मेहनत ही कल के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव होती है।
उपायुक्त अपने कार्यालय में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ योजना के तहत सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, मंडी द्वारा आयोजित एक्सपोजर विजिट कार्यक्रम के दौरान राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बगला की जमा एक और जमा दो की छात्राओं को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने छात्राओं से कहा कि यदि वे अपने जीवन के लक्ष्य को लेकर गंभीर हैं तो आज से ही पूरी निष्ठा के साथ तैयारी शुरू करें। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित, योजनाबद्ध और समर्पित अध्ययन करने, समय का सदुपयोग करने तथा लक्ष्य प्राप्ति तक लगातार प्रयासरत रहने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता, बल्कि कठिन परिश्रम, अनुशासन और दृढ़ संकल्प ही सफलता की वास्तविक कुंजी हैं।
इस दौरान उपायुक्त ने छात्राओं से उनकी पढ़ाई, भविष्य की योजनाओं और करियर संबंधी आकांक्षाओं पर भी चर्चा की। उन्होंने छात्राओं को अपनी रुचि और क्षमता के अनुरूप लक्ष्य तय कर पूरे समर्पण के साथ आगे बढ़ने की सलाह दी। साथ ही कहा कि असफलताओं से घबराने के बजाय उनसे सीख लेकर और अधिक मजबूती के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने उपायुक्त से विभिन्न विषयों पर प्रश्न पूछे, जिनका उन्होंने सरल और प्रेरणादायक ढंग से उत्तर दिया। छात्राओं ने इस एक्सपोजर विजिट को बेहद उपयोगी बताते हुए जिला प्रशासन का आभार भी व्यक्त किया।
बैंकिंग और साइबर सुरक्षा की दी जानकारी
एक्सपोजर विजिट के दौरान छात्राओं ने भारतीय स्टेट बैंक की गांधी चौक शाखा का भ्रमण किया। यहां बैंक अधिकारियों ने उन्हें वित्तीय साक्षरता, बैंकिंग सेवाओं, डिजिटल बैंकिंग, बचत के महत्व, आर्थिक सशक्तिकरण तथा डिजिटल लेन-देन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों की जानकारी दी। साथ ही साइबर फ्रॉड से बचाव के उपायों के बारे में भी जागरूक किया।
महिला सुरक्षा और कानूनी अधिकारों से कराया अवगत
इसके बाद छात्राओं ने महिला पुलिस थाना भ्यूली का भ्रमण किया। यहां पुलिस अधिकारियों ने उन्हें महिला सुरक्षा, कानूनी अधिकारों, साइबर सुरक्षा, आत्मरक्षा, हेल्पलाइन सेवाओं और आपातकालीन परिस्थितियों में अपनाई जाने वाली सुरक्षा प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही महिलाओं से जुड़े विभिन्न कानूनों और सरकारी प्रावधानों के बारे में भी अवगत कराया गया।
छात्राओं ने इस एक्सपोजर विजिट को ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक बताते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से उन्हें पुस्तकीय ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक अनुभव भी मिलता है, जो उनके व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और भविष्य के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा।
इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी (आईसीडीएस) अजय बद्रेल, बाल विकास परियोजना अधिकारी जितेंद्र कुमार सैनी तथा विद्यालय के अध्यापक भी उपस्थित रहे।










