हिमाचल प्रदेश में शनिवार को कांग्रेस हाईकमान ने संगठनात्मक स्तर पर बड़ा फैसला लेते हुए रेणुकाजी से तीन बार के विधायक विनय कुमार को पार्टी का नया अध्यक्ष नियुक्त कर दिया है।
इस तरह विनय कुमार अब प्रतिभा सिंह की जगह पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की कमान संभालेंगे। माना जा रहा है कि कांग्रेस ने संगठन में बदलाव करते हुए SC कार्ड खेला है, और आने वाले राजनीतिक समीकरणों व आगामी चुनावों को देखते हुए यह निर्णय रणनीतिक तौर पर बेहद अहम माना जा रहा है।
विनय कुमार हाल ही में बड़ा कदम उठाते हुए विधानसभा के डिप्टी स्पीकर पद से इस्तीफा दे चुके हैं। शनिवार (22 नवंबर) को उन्होंने अपना त्यागपत्र स्पीकर कुलदीप सिंह पठानिया को सौंपा, जिसे स्वीकृत भी कर लिया गया। विनय कुमार सिरमौर जिले की श्री रेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र से लगातार तीसरी बार विधायक चुने गए हैं और प्रदेश की राजनीति में खुद को मजबूत चेहरा के रूप में स्थापित कर चुके हैं। वे पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय वीरभद्र सिंह के बेहद करीबी रहे हैं और लंबे समय तक उनके साथ संगठनात्मक और राजनीतिक मोर्चों पर सक्रिय भूमिका में रहे।
वीरभद्र सिंह के निधन के बाद, अप्रैल 2022 में जब प्रतिभा सिंह को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नियुक्त किया गया, तब विनय कुमार को वर्किंग प्रेसिडेंट की जिम्मेदारी दी गई थी।
अब पार्टी ने उन पर भरोसा जताते हुए संगठन की कमान पूरी तरह सौंप दी है। राजनीतिक जानकार इस बदलाव को कांग्रेस की भविष्य की रणनीति का हिस्सा मान रहे हैं —
जहां नए नेतृत्व, जातीय संतुलन और जमीनी पकड़ को केंद्र में रखकर यह निर्णय लिया गया है। अब पूरे प्रदेश की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि विनय कुमार किस अंदाज में संगठन को आगे बढ़ाते हैं और कांग्रेस की अंदरूनी चुनौतियों व आने वाले चुनावों को कैसे साधते हैं।










